Guzra waqt shayari


स्वागत है आपका
guzra waqt shayari in hindi आर्टिकल में यहाँ आपको गुज़रे वक़्त की शायरी के साथ साथ बुरे वक़्त की शायरी 2 line में भी पढ़ने को मिलेगी.


क्या आप जानते है की हमारी ज़िन्दगी में गुज़रा वक़्त क्यों नहीं आता? शायद आपने गुज़रे वक़्त की शायरी पढ़ना छोड़ दिया होगा हाहाहा.


इसलिए मैं लाया हु कुछ गुज़रे वक़्त की और कुछ बुरे waqt ki shayari जिसे पढ़ के आप थोड़ा बुरे वक़्त और गुज़रे वक़्त से थोड़ा रुबरु होके motivational shayari जरूर पढ़ेंगे..



Guzra Waqt Shayari In Hindi | बुरे वक़्त की शायरी 2 line


Guzra waqt shayari in hindi


कभी देख भी लिया करो जानेमन हमें,

कही वक़्त से मोहब्बत हो गयी न तो देखनेको तरस जाओगी..!


Kabhi dekh bhi liya karo janeman hame,

Kahi waqt se mohabbat ho gayi na to dekhneko taras jaogi..!


रात तो ढल जायेगी वक़्त के पाबंद के साथ,

देखना तो ये है सफ़र कितना होगा दीयों के पास..!


Raat to dhal jayegi waqt ke paband ke sath,

Dekhna to ye hai safar kitna hoga diyon ke paas..!


मेरे नज़रिए से तेरा नज़रिया कुछ अलग सा था,

मुझे ज़िन्दगी और तुझे सिर्फ वक़्त गुज़ारना था..!


Mere nazariye se tera nazriya kuch alag sa tha,

Mujhe zindagi aur tujhe sirf waqt guzarna tha..!


दिन गुज़र गया,

शाम गुज़र गयी,

रात हुई काली,

आँख क्या लगी हमारी तो भाग गयी हमारी घरवाली..!


Din guzar gaya,

Sham guzar gayi,

Raat hui kali,

Aankh kya lagi humari to bhag gayi humari gharwali..!


आइस क्रीम खाते वक़्त गुज़रा,

या तेरे रूठ जाने पर गुज़रा,

जो भी वक़्त तेरे साथ गुज़रा,

कसम से खूबसूरत गुज़रा..!


Ice Cream khate waqt guzra,

ya tere ruth jane par guzra,

Jo bhi waqt tere sath guzra,

Kasam se khubsurat guzra..!


कौन क्या कहता है कहने दो उन्हें,

वक़्त सबका आता है,

थोड़ा वक़्त के साथ भी बहने दो उन्हें..!


Kon kya kehta hai kehne do unhe,

Waqt sabka aata hai,

Thoda waqt ke sath bhi bahne do unhe..!


बड़ा अच्छा होता है वो गुज़रा हुआ वक़्त,

पीछे देखने पर बड़ा खूबसूरत नजर आता है..!


Bada achha hota hai wo guzra hua waqt,

Pichhe dekhne par bada khubsurat najar aata hai..!


वक़्त के साथ भीड़ में खो गए थे हम,

तुम्हे ढूँढ़ते ढूँढ़ते भीड़ में सो गए थे हम,

वक़्त तो चला गया हमे छोड़के,

पर तुम्हें ढूंढते रह गए थे हम..!


Waqt ke sath bhid me kho gaye the hum,

Tumhe dhoondte dhoondte bhid me so gaye the hum,

Waqt to chala gaya hume chhodke,

Par tumhe dhundhte rah gaye the hum..!


वक़्त के पीछे चलना भी बुरा नहीं है जनाब,

क्यों की किस्मत बदलते देर नहीं लगती..!


Waqt ke pichhe chalna bhi bura nahi hai janab,

Kyon Ki kismat badalte der nahi lagati..!


हमारा वक़्त तो तभी आता है,

जब हम बुरे वक़्त से गुजरते है..!


Hamara waqt to tabhi aata hai,

Jab hum bure waqt se gujarte hai..!



Waqt shayari in hindi 2 line


Guzra Waqt Shayari In Hindi | बुरे वक़्त की शायरी 2 line
waqt shayari image


अच्छा वक़्त देख सहारा लेते है लोग,

कुछ वक़्त बिता के छोड़ जाने के लिए..!


Achha waqt dekh sahara lete hai log,

Kuchh waqt bita ke chhod jane ke liye..!


मोहब्बत की तालाब में उतरने का डर नहीं साहब,

वक़्त गुज़रते तालाब के सूख जाने का डर है..!


Mohabbat ki talab me utarne ka dar nahi sahab,

Waqt guzarte talab ke sukh jane ka dar hai..!


सुना है तुम्हे फ़ुरसत नहीं मुझे मिलने की,

तुम कहो तो थोड़ा वक़्त भेज दू..!


Suna hai tumhe fursat nahi mujhe milne ki,

Tum kaho to thoda waqt bhej du..!


वक़्त ही तो ख़राब था दिल थोड़ी ना,

थोड़ा कष्ट कर लेते इंतज़ार करने का..!


Waqt hi to kharab tha dil thodi na,

Thoda kasht kar lete intezar karne ka..!


वक़्त तो लगेगा साहिब टूटे दिल को सँभालने में,

इश्क़ तो नहीं हर चीज़ जो एक पल में हो..!


Waqt to lagega sahib tute dil ko sambhalne me,

Ishq to nahi har chiz jo ek pal me ho..!


खुद सह सको वह सितम तुम करना,

क्यों की वक़्त का पासा कभीभी है पलट के रहना..!


Khud sah sako wah sitam tum karna,

Kyon ki waqt ka pasa kabibhi hai palat ke rahna..!


ज़िन्दगी की किताब को यु न छोड़ तू खुला,

न जाने कौनसा पन्ना पलट दे ये बे वक़्त की हवा..!


Zindagi ki kitab ko yu na chhod tu khula,

Na jane konsa panna palat de ye be waqt ki hawa..!


बिछड़े वक़्त को तुम क्या जानोगे जनाब,

बड़ा दर्द देता है ये दिल को..!


Bichhde waqt ko tum kya janoge janab,

Bada dard deta hai ye dil ko..!


माना की कुछ बढ़ सी गयी है दूरियां लेकिन,

वक़्त आज भी तनहा ही गुजरता है तेरे हिस्से का..!


Maana ki kuch badh si gayi hai duriyan lekin,

Waqt aaj bhi tanha hi gujarta hai tere hisse ka..!


वक़्त का पहिया कलाईयों पे बांध लेने से कुछ नहीं होगा जनाब,

उसके साथ चलके उसको आजमाना भी पड़ता है..!


Waqt ka pahiya kalaiyon pe bandh lene se kuchh nahi hoga janab,

Uske sath chalke usko aajmana bhi padta hai..!



बुरे वक़्त की शायरी 


Guzra Waqt Shayari In Hindi | बुरे वक़्त की शायरी 2 line
Bura waqt shayari image

मोहब्बत क्या हुई हमें उनसे,

रोज मिलते गए हम,

वक़्त ने भी क्या पलटी मारी जनाब,

अंदर से टूट गए हम..!


Mohabbat kya hui hame unse,

Roj milte gaye hum,

Waqt ne bhi kya palti mari janab,

Andar se tut gaye hum..!


क्यों रुठे हो जनाब ऐसे,

कभी वक़्त को पूछ लिया करो,

की कोई है मेरे जैसे,

कुछ तो बोझ उतर जाएगा आपके सिर से..!


Kyu ruthe ho janab aise,

Kabhi waqt ko puchh liya karo,

ki koi hai mere jaise,

Kuchh to bojh utar jayega aapke sirse..!


ज़िन्दगी के सफ़र में,

वक़्त की शिखर पर चढ़ रहे थे हम,

वक़्त तो चढ़ के आगे निकल गया,

किसी के इंतज़ार में पीछे रह गए थे हम..!


Zindagi ke safar mein,

Waqt ki shikhar par chadh rahe the hum,

Waqt to chadh ke aage nikal gaya,

Kisi ke intezar mein pichhe rah gaye the hum..!


हमने वक़्त से हारकर सिर क्या झुका लिया,

लोग खुद को बादशाह समझने लगे, हमने

सिर ऊपर क्या उठाया शेर समझने लगे,

छोडो वक़्त की बात है..!


Humne waqt se harkar seer kya zuka liya,

Log khud ko badshah samjhane lage, hamne

Seer upar kya uthaya sher samjhane lage,

chhodo waqt ki baat hai..!


वक़्त बड़ा अजीब है जनाब,

कभी समझ में नहीं आता ये,

आता है तूफान और आंधी बनकर,

जाता है सच्चा साथी बनकर..!


Waqt bada ajib hai janab,

Kabhi samajh me nahi aata ye,

Aata hai tufan aur andhi bankar,

Jata hai sachha sathi bankar..!


इंसान की असलियत तो वक़्त बताता है,

कपडे और चेहरे तो अक्सर झूठ बोला करते है..!


Insaan ki asliyat to waqt batata hai,

Kapde aur chehre to aksar jhoot bola karte hai..!


खैर वक़्त तो वक़्त पर बदल जाता है,

लेकिन कमबख्त इंसान बे वक़्त बदल जाते है..!


Khair waqt to waqt par badal jata hai,

Lekin kambakht insaan be waqt badal jate hai..!


नयी से रिश्तों में नयी सी महक साथ है,

अब कितनी देर कौन महकेगा ये तो वक़्त की बात है..!


Nayi se rishton me nayi si mahak sath hai,

Ab kitni der kaun mahakega ye to waqt ki baat hai..!


फूल सा चेहरा तेरा बुरे वक़्त यू मुरझा गया,

अच्छे वक़्त के साथ मुझे देख यू शरमा गया..!


Phool sa chehra tera bure waqt u murjha gaya,

Achhe waqt ke sath mujhe dekh u sharma gaya..!


तेरी प्यार की दो बातों को मैं मोहब्बत समझ बैठा,

इस वक़्त का मै खुद मजाक बन बैठा..!


Teri pyaar ki do baaton ko mai mohabbat samajh baitha,

Iss waqt ka mai khud majak ban baitha..!


जब वक़्त कहता है भुला दू मै उसे,

तभी टुटा दिल कहता है जो लेके आजा उसे..!


Jab waqt kehta hai bhula du mai use,

Tabhi tuta dil kehta hai ja leke aaja use..!


बदलना तो कोई तुमसे सीखे,

बेवक़्त छोड़ जाती हो तुम,

सिर्फ टाइम ही तो ख़राब था हमारा,

दिल को तोड़ रुला जाती हो तुम..!


Badalna to koi tumse sikhe,

Bewaqt chhod jati ho tum,

Sirf time hi to kharab tha humara,

Dil ko tod rula jati ho tum..!



Kuch akhri alfaz :


Guzre waqt shayari की बात करूँ तो मेरे कुछ अल्फाज़ मैंने इस badalte waqt aur halat hindi shayari के माध्यम से आपको 2 लाइन में बताये है जो की आपको पसंद जरुर आये होंगे.

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